मौलाना जरजिस के विवादित बयान पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का पलटवार, बोले- दोबारा ऐसा कहा तो घर के बाहर गीता पाठ करेंगे

बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने मौलाना जरजिस अंसारी के भगवान श्रीकृष्ण को लेकर दिए गए विवादित बयान पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। छतरपुर में आयोजित कथा के दौरान उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण के बारे में किया गया दावा पूरी तरह गलत है और सनातन परंपरा के आराध्यों के संबंध में इस तरह की टिप्पणियां स्वीकार नहीं की जा सकतीं। उन्होंने यह भी कहा कि यदि भविष्य में इस प्रकार का बयान दोबारा दिया गया तो वे संबंधित व्यक्ति के घर के बाहर जाकर भगवद्गीता का पाठ करेंगे।
क्या था पूरा विवाद?
यह विवाद उस वीडियो के सामने आने के बाद शुरू हुआ, जिसमें मौलाना जरजिस अंसारी ने एक धार्मिक सभा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण के संबंध में टिप्पणी की थी। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विभिन्न हिंदू संगठनों और कई लोगों ने इसका विरोध किया। मौलाना के बयान को लेकर अलग-अलग स्तर पर प्रतिक्रियाएं सामने आईं और मामला सार्वजनिक बहस का विषय बन गया।
धीरेंद्र शास्त्री ने क्या कहा?
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान श्रीकृष्ण के बारे में किया गया दावा तथ्यों और सनातन परंपरा के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्थाओं का सम्मान किया जाना चाहिए और किसी भी धर्म के पूजनीय व्यक्तित्वों के बारे में विवादित या भड़काऊ बयान देने से बचना चाहिए। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस तरह की टिप्पणी दोहराई गई तो वे शांतिपूर्ण तरीके से संबंधित स्थान पर जाकर गीता का पाठ करेंगे।
मामले में एफआईआर दर्ज
इस विवाद को लेकर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज थाना में शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो और उससे जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है तथा जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस जांच जारी
पुलिस मामले में उपलब्ध वीडियो, संबंधित बयानों और अन्य साक्ष्यों का परीक्षण कर रही है। फिलहाल जांच जारी है और अधिकारियों ने मामले पर अंतिम निष्कर्ष आने तक किसी भी प्रकार की अटकलों से बचने की अपील की है।
मौलाना जरजिस अंसारी के बयान और उस पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की प्रतिक्रिया के बाद यह मामला धार्मिक और राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है। फिलहाल कानूनी प्रक्रिया जारी है और मामले से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है। अंतिम कार्रवाई जांच के निष्कर्ष और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर तय होगी।





