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सेंसेक्स 78,000 के पार, चार दिन में निवेशकों ने कमाए ₹8.5 लाख करोड़; निफ्टी भी नई ऊंचाई पर

जुलाई का महीना भारतीय शेयर बाजार के लिए शानदार शुरुआत लेकर आया है। लगातार चौथे कारोबारी सत्र में सेंसेक्स और निफ्टी ने मजबूती दिखाई है। वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और सकारात्मक अंतरराष्ट्रीय संकेतों के बीच निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। इसका असर बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है, जहां चार दिनों में निवेशकों की संपत्ति में ₹8.5 लाख करोड़ से अधिक का इजाफा हुआ है।

चौथे दिन भी जारी रही बाजार की तेजी

सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भी बाजार में खरीदारी का माहौल बना रहा। बीएसई सेंसेक्स लगभग 430 अंक चढ़कर 78,194.36 के स्तर तक पहुंच गया। वहीं एनएसई निफ्टी भी करीब 123 अंकों की बढ़त के साथ 24,393.70 के उच्च स्तर पर कारोबार करता नजर आया। 30 जून के बंद स्तर की तुलना में सेंसेक्स चार कारोबारी सत्रों में 1,715 अंक से अधिक और निफ्टी करीब 528 अंक मजबूत हो चुका है।

जुलाई में ऐसा रहा बाजार का प्रदर्शन

जुलाई के शुरुआती चार कारोबारी सत्रों में बाजार ने लगातार सकारात्मक रुख बनाए रखा।

तारीख सेंसेक्स (अंक) निफ्टी (अंक)
1 जुलाई +444 +140
2 जुलाई +579 +170
3 जुलाई +262 +95
6 जुलाई +430 +123

लगातार बढ़त यह संकेत देती है कि निवेशकों का भरोसा फिलहाल मजबूत बना हुआ है।

कच्चे तेल की कीमतों का मिला सहारा

विश्लेषकों के अनुसार हाल के दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में गिरावट आई है। कीमतें युद्ध-पूर्व स्तर के करीब पहुंचने से भारत जैसे तेल आयातक देशों को राहत मिली है। इसके अलावा अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत तथा होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़े तनाव में कमी जैसे वैश्विक घटनाक्रमों ने भी बाजार की धारणा को सकारात्मक बनाया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कच्चे तेल की कीमतों में नरमी जारी रहती है, तो बाजार को आगे भी समर्थन मिल सकता है।

निवेशकों की संपत्ति में बड़ा इजाफा

शेयर बाजार में आई तेजी का सबसे बड़ा फायदा निवेशकों को हुआ है। बीएसई का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन 30 जून के मुकाबले बढ़कर लगभग ₹4,82,61,060 करोड़ तक पहुंच गया। इससे निवेशकों की कुल संपत्ति में करीब ₹8.51 लाख करोड़ की बढ़ोतरी दर्ज की गई। केवल 6 जुलाई के कारोबारी सत्र में ही निवेशकों की संपत्ति में लगभग ₹2.41 लाख करोड़ का इजाफा हुआ।

जुलाई की शुरुआत भारतीय शेयर बाजार के लिए बेहद सकारात्मक रही है। मजबूत वैश्विक संकेत, कच्चे तेल की नरम कीमतें और निवेशकों का बढ़ता भरोसा बाजार को नई ऊंचाइयों की ओर ले जा रहा है। हालांकि, शेयर बाजार में निवेश हमेशा जोखिम के अधीन होता है, इसलिए निवेशकों को किसी भी निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श करना चाहिए और बाजार की परिस्थितियों का सावधानीपूर्वक आकलन करना चाहिए।

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